Haryana News: चंडीगढ़ में पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने बताया कि हरियाणा में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए पुलिस विभाग लगातार योजनाबद्ध और प्रभावी तरीके से काम कर रहा है। प्रदेश की सड़कों को आमजन के लिए अधिक सुरक्षित बनाना पुलिस की प्राथमिकताओं में शामिल है और इसी दिशा में कई ठोस कदम उठाए गए हैं।
डीजीपी ने जानकारी दी कि प्रदेश में अब तक 109 ब्लैक स्पॉट को पूरी तरह समाप्त किया जा चुका है, जबकि शेष चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स पर सुधार कार्य जारी है। इसके अलावा बीते वर्ष अगस्त माह में 183 अन्य ब्लैक स्पॉट्स पर आवश्यक सुधार कार्य कराने के लिए लोक निर्माण विभाग को विस्तृत ब्योरा भेजा गया था, ताकि वहां सड़क संरचना, संकेतक और अन्य सुरक्षा उपायों को दुरुस्त किया जा सके।Haryana News
पुलिस महानिदेशक ने कहा कि दुर्घटनाओं के बाद घायलों को समय पर बेहतर उपचार उपलब्ध कराना भी उतना ही जरूरी है। इसी उद्देश्य से अक्तूबर 2024 से सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों के लिए कैशलेस उपचार योजना लागू की गई है। इस योजना के तहत नेशनल हेल्थ अथॉरिटी, स्थानीय पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और अनुबंधित अस्पतालों के सहयोग से दुर्घटनाग्रस्त व्यक्ति को अधिकतम सात दिनों तक एक लाख पचास हजार रुपये की सीमा तक मुफ्त उपचार की सुविधा दी जा रही है।
उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटना की स्थिति में घायल व्यक्ति को नजदीकी अस्पताल में तुरंत भर्ती कराया जाता है, जहां उसे बिना किसी भुगतान के इलाज मुहैया कराया जाता है। इस योजना का लाभ बीते वर्ष सड़क दुर्घटनाओं में घायल हुए 4119 लोगों को दिया गया है, जिससे कई परिवारों को आर्थिक राहत मिली है।
ब्लैक स्पॉट्स होंगे खत्म’ डीजीपी हरियाणा अजय सिंघल ने कहा कि सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस का अभियान आगे भी जारी रहेगा। ब्लैक स्पॉट्स को खत्म करना, अवैध कट बंद करना, यातायात नियमों का सख्ती से पालन कराना और घायलों को समय पर इलाज उपलब्ध कराना, इन सभी उपायों से प्रदेश में सड़क दुर्घटनाओं और उनमें होने वाली जान-माल की क्षति को कम करने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं की एक बड़ी वजह अवैध कट भी रहे हैं। प्रदेश में चिन्हित 600 अवैध कटों में से 411 को बंद किया जा चुका है। शेष अवैध कटों को भी चरणबद्ध तरीके से बंद करने और वैकल्पिक सुरक्षित मार्ग उपलब्ध कराने पर काम चल रहा है। पुलिस और संबंधित विभागों के बीच समन्वय के जरिए इन बिंदुओं पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
















