Bhiwadi news: बीड़ा औद्योगिक क्षेत्र में भूखंड आवंटन को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। आरोप है कि एक वरिष्ठ अधिकारी ने नियमों को दरकिनार करते हुए करोड़ों रुपये की कीमत वाला औद्योगिक भूखंड अपनी पत्नी के नाम पर खरीदा, जबकि संबंधित फाइल को जानबूझकर दबाकर रखा गया। यह मामला आरटीआई के माध्यम से जानकारी सामने आने के बाद उजागर हुआ है, जिससे विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार भिवाड़ी स्थित बीड़ा औद्योगिक क्षेत्र में औद्योगिक उपयोग के लिए भूमि आवंटन की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के तहत की जाती है। आरोप है कि अधिकारी की पत्नी के नाम जो भूखंड खरीदा गया, उसकी नीलामी और आवंटन प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं बरती गई। जिस भूखंड की बाजार कीमत करोड़ों रुपये बताई जा रही है, वह अपेक्षाकृत कम दर पर आवंटित किया गया। आरटीआई में मांगी गई जानकारी में जब संबंधित फाइलों का ब्योरा सामने आया, तो यह स्पष्ट हुआ कि कई जरूरी तथ्यों को छिपाया गया और समय पर सूचना उपलब्ध नहीं कराई गई।
सूत्रों का कहना है कि बीड़ा में औद्योगिक भूखंडों की मांग काफी अधिक है और सामान्य निवेशकों को ऐसे भूखंड हासिल करने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। वहीं, प्रभावशाली पद पर बैठे अधिकारी के परिजन को कम कीमत पर भूखंड मिलना नियमों के दुरुपयोग की ओर इशारा करता है। मामले के उजागर होने के बाद विभाग में हड़कंप मचा हुआ है और फाइलों को दबाने तथा जांच को प्रभावित करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
इस पूरे प्रकरण में सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या अधिकारियों के लिए अलग नियम हैं और आम लोगों के लिए अलग। आरटीआई कार्यकर्ता और सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो। फिलहाल विभागीय स्तर पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन मामला तूल पकड़ता जा रहा है और उच्च स्तर तक इसकी शिकायत पहुंचने की चर्चा है।

















