Fraud : नौकरी के नाम पर झांसा देकर सहपाठी ने पति ने मिलकर 20 लाख की ठगी

On: September 30, 2021 10:54 AM
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धारूहेडा: सुनील चौहान। स्नातकोर के स्टूडेंट को दिल्ली पुलिस में सब इंस्पेक्टर लगवाने का झांसा के नाम पर 20.70 लाख रुपए की धोखाधड़ी हुई है। ठगी किसी और ने नहीं, बल्कि उसकी सहपाठी ने अपने पति के साथ मिलकर की है। धारूहेड़ा थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर दोनों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
थाना धारूहेडा पुलिस ने को दी शिकायत में गांव गिंदोखर निवासी यशवनी कुमार ने बताया कि वह इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय मीरपुर स्नातकोर का स्टूडेंट हूं। उसकी क्लास में रेवाड़ी निवासी नेहा लड़की भी पढ़ती थी। जनवरी 2019 में नेहा ने उसे बताया कि उसकी एयरपोर्ट अथॉरिटी में नौकरी लग गई है।
कुछ दिन नौकरी से संबंधित बातें चलीं और उसके बाद नेहा ने यशवनी को भी नौकरी दिलाने का ऑफर दिया। यशवनी उसकी बातों में आ गया और नेहा ने बताया कि उसकी नौकरी उत्तरप्रदेश के मुजफ्फरनगर के गांव बरवाला निवासी विजय कुमार बाल्यान ने लगवाई है। जब तक यशवनी को यह मालूम नहीं था कि नेहा और विजय कुमार की सगाई हो चुकी है।
नेहा ने बताया कि उसके एसएससी में काफी लोगों से अच्छे संबंध भी हैं। नेहा ने यशवनी को अपने विजय कुमार से मिलवा दिया। उसके बाद विजय कुमार ने उसे बताया कि उसने दिल्ली पुलिस कांस्टेबल व सीपीओ 2017 में काफी लोगों का सब इंस्पेक्टर लगवाया है। इतना ही नहीं विजय कुमार ने यशवनी को सेलेक्ट हो चुके लोगों की लिस्ट भी दिखाई। नेहा और विजय कुमार के चंगुल में पूरी तरह फंस चुके यशवनी ने अपने घर बात की और फिर दोनों से उसे भी दिल्ली पुलिस में सब इंस्पेक्टर बनवाने की बात की।
कैश के साथ चैक से भी की पेमेंट
यशवनी ने बताया कि उसने नेहा को 2 लाख रुपए कैश दिए थे। उसके बाद लगातार करीब 3 महीने तक दोनों को कभी कैश तो कभी चेक से पेमेंट देता रहा। एक दिन नेहा और विजय कुमार उसे एसएससी ऑफिस भी लेकर गए। यहां एक फॉर्म भरवाया गया और उससे कुछ पैसे भी लिए गए। बाद में विजय उसे कैंटीन में छोड़कर यह कहकर चला गया कि वह अंदर दस्तावेज जमा कराने के साथ ही सेटिंग करने के लिए जा रहा है। इस बीच आरोपियों ने बताया कि उसकी जगह पेपर कोई और देगा। साथ ही उसका सेलेक्शन हर हाल में हो जाएगा। सीपीओ 2018 का पेपर 15 मार्च 2019 को हुआ था, जबकि रिजल्ट 25 मई 2019 को आया। रिजल्ट की लिस्ट में यशवनी कुमार का कहीं नाम नहीं नजर आया। यशवनी ने तुरंत नेहा और विजय दोनों से संपर्क किया तो उन्होंने बताया गया कि अच्छे अंक होने की वजह से उसका रिजल्ट विद हैल्ड हो गया है। जब उसने उन पर दबाब बनाया तो आरोपियों ने 17 अगस्त 2020 को आरोपियों ने उसे 6 लाख रुपए का चेक भी दिया, लेकिन इसमें भी तारीख गलत भरने की वजह से बैंक ने चेक लौटा दिया। इस बीच यशवनी ने जानकारी जुटाई तो पता चला कि नेहा और विजय कुमार दोनों ने शादी कर ली है। आरोपियों ने पैसे देने से साफ इंकार किया तो उसने पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने कई महीनों तक मामले की जांच की तथा दोनों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया।

 

 

P Chauhan

हमारा मकसद देश की ताजा खबरों को जनता तक पहुंचाना है। मै पिछले 5 साल में पत्रकारिता में कार्यरत हूं। मेरे द्वारा राजनीति, क्राइम व मंनोरजन की खबरे अपडेट की जाती है।

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