Haryana Breaking News: खैरथल तिजारा जिले से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां मात्र 4 हजार रुपए के लालच में एक कृषि पर्यवेक्षक ने अपनी नौकरी दाव पर लगा दी है। आरोपी को मंगलवार को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। आपको बता दे कि आरोपी ने इसके पहले ₹2000 फोन पे के जरिए भी लिया था। आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार अधिनियम के अंतर्गत मामला भी दर्ज कर लिया गया है।
शिकायतकर्ता ने एसीबी को बताया कि वह अपने और परिवार के सदस्यों के लिए फवारा पाइपलाइन अनुदान के लिए राजस्थान किसान पोर्टल पर आवेदन दिया था, इसे स्वीकृत करने के लिए कृषि पर्यवेक्षक रामस्वरूप ने पहले ₹2000 लिए और इसके बाद ₹2500 और मांग कर लगातार परेशान कर रहा था। शिकायतकर्ता ने इसकी सूचना ऐसी भी कुड़ी और ऐसी भी ने रंगे हाथों कृषि पर्यवेक्षक को गिरफ्तार कर लिया।
₹1000 की रिश्वत लेते समय रंगे हाथों गिरफ्तार हुआ कृषि पर्यवेक्षक (Haryana Breaking News)
एसीबी की टीम ने ग्राम पंचायत सिहाली खुर्द पहुंचकर आरोपी रामस्वरूप को ₹1000 रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया। आपको बता दे कि आरोपी रामस्वरूप जयपुर का रहने वाला है और 10 साल पहले कृषि विभाग में भारती हुआ है। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार विरूद्ध निवारण अधिनियम के अंतर्गत मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच शुरू कर दिया गया है।
आपको बता दे की लगातार एसीबी के द्वारा छापेमारी की जा रही है। राज्य सरकार ने स्पष्ट रूप से कहा है कि किसी भी भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। राज्य में लगातार एसीबी के छापे देखने को मिल रहे हैं। राज्य सरकार ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि अगर कोई भी अधिकारी रिश्वत मांगता है तो तुरंत इसकी शिकायत करें और हम आप तक सहायता पहुंच जाएंगे।
फिलहाल कृषि पर्यवेक्षक को गिरफ्तार कर लिया गया है और उन पर विभिन्न धाराओं में केस चलाया जाएगा। हरियाणा सरकार के द्वारा लगातार करप्शन के विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है।




















