Bhiwadi: भिवाड़ी के खुशखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया में अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए बलास्ट की जांच में बडा खुलासा हुआ है। जांच सामने आया कि किस अधिकारी के इशारे ये अवैध फैक्ट्री चल रही थी। जैसे जांच में कारणें का पता चला तो प्रशासन को होश उड गए। अब सवाल यह है क्या पुलिस इस मामले को लेकर उस आरोपी पर कार्रवाई या नहीं।
जानिए कौन है योगेश कुमार: भिवाड़ी के खुशखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया में 16 फरवरी को अवैध रूप से पटाखा निर्माण के दौरान हुए भीषण धमाके के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए फैक्टरी मालिक हेमंत कुमार शर्मा और मैनेजर अभिनंदन को गिरफ्तार कर लिया है। हेमंत, भिवाड़ी पुलिस की डीएसटी टीम में तैनात हेड कॉन्स्टेबल योगेश कुमार शर्मा का भाई है, जिससे मामला और भी संवेदनशील हो गया है।Bhiwadi

इतने श्रमिक जिंदा जले’ बता दे अवैध पटाखा फैक्र्टी में 16 फरवरी को ब्लास्ट होने से न केवल अफरा तफरी मच गई थी वहीं 7 श्रमिक जिंदा जल गए थे, जबकि 4 मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए थे। घायलों का इलाज जारी है। हादसे के बाद पूरे औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप मच गया था और प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए फैक्टरी को सील कर दिया था।
जयपुर रेंज के आईजी राघवेंद्र सुहास ने मामले को लेकर लिया संज्ञान: जांच के बाद डीएसटी की भूमिका को संदिग्ध मानते हुए भिवाड़ी डीएसटी टीम को किया भंग कर दिया है।. टीम में तैनात डीएसटी प्रभारी मुकेश वर्मा को प्रभार से हटाया गया है। डीएसटी के चार पुलिसकर्मियों को हटा दिया गया है। हेड कांस्टेबल योगेश कुमार शर्मा, कांस्टेबल दिनेश कुमार, कांस्टेबल जगपाल एक अन्य पुलिसकर्मी को लाइन हाजिर कर दिया गया है।Bhiwadi

तीन दिन की रिमांड पर भेजे गए फैक्ट्री मालिक और मैनेजर:इतना ही नहीं फैक्ट्री के मालिक हेमंत कुमार शर्मा और मैनेजर अभिनंदन को भी गिरफ्तार करके दोनों आरोपियों को तिजारा कोर्ट में पेश किया। जहां से दोनों आरोपियों का तीन दिन का पीसी रिमांड लिया गया है। पुलिस ने बताया कि दोनो को 21 फरवरी तक रिमांड पर हैं।Bhiwadi

















