मौसमदिल्लीबिहार विधानसभा चुनाव 2025CET 2025राजस्थानमनोरंजनराशिफलबिजनेसऑटो मोबाइलरेवाड़ीआध्यात्मिकअन्य

Bhiwadi factory blast: प्रशासन से मिली भगत से चल रही थी अवैध पटाखा फैक्टी, पहले भी छापेमारी में की थी सील

On: February 18, 2026 12:06 PM
Follow Us:
Bhiwadi Factory Blast: They had come from Bihar to work only a month and a half ago, the lights of many houses were extinguished.

भिवाड़ी। खुशखेड़ा-कारौली औद्योगिक क्षेत्र में सोमवार को अवैध पटाखा फैक्टरी में हुई धमाके में सात श्रमिक जिंदा जल गए। हादसे के बाद जांच को पहुंची टीम ने बडा खुलासा हुआ है। जिस फैक्ट्री को ये कारोबार चल रहा था वहां पर पहले भी छापेमारी हो चुकी है लेकिन उसके बावजूद ये फैक्ट्री चल रही थी। Bhiwadi factory blast

पहले हो चुकी है सील: बता दे कि क्षेत्र में भिवाड़ी की इस फैक्क्ट्री पर पहले दिल्ली की टीम क ओर से छापेमारी कर अवैध पटाखा निर्माण का भंडाफोड़ किया। भारी मात्रा में कच्चा माल, मशीनें और तैयार पटाखे जब्त किए थे। छापेमारी के दौरान पुलिस को फैक्ट्री परिसर से पटाखा बनाने की मशीनें, रासायनिक मिश्रण, बारूदनुमा पदार्थ, खाली खोल, फ्यूज वायर, पैकिंग सामग्री और अन्य उपकरण मिले। गोदाम से तैयार पटाखों की बड़ी खेप जब्त की गई थी।

डेढ़ महीने पहले ही आए थे मजदूरी करने बिहार से, कई घरों के बुझ गए चिराग
डेढ़ महीने पहले ही आए थे मजदूरी करने बिहार से, कई घरों के बुझ गए चिराग

सवाल यह उस समय इस फैक्ट्री को सील कर दिया था तो फिर दोबारा से इसे कैसे चालू किया गया। साफ जाहिर है प्रशासन को इसके लेकर मोटा चढावा मिल रहा था यही कारण है बिना लाईसेंस ये अवैध पटाखा बनाने वाली कपंनी चल रही थी।

 

फैक्ट्री का लाइसेंस किसी ओर काम का लिया हुआ था जबकि इसमे पटाखें बनाने का किया जाता था। सबसे अहम बता यह है फैक्टरी का मैनेजर अभिनंदन भी बिहार के मोतिहारी का निवासी था।

22 हजार वेतर रहन के लिए मकान: बता दे वह 22 हजार रुपये दिलाने का लालच देकर श्रमिकों को अपने गांव से लाता था। बेरोजगारी के चलते 8 घंटे के 22 हजार रूपए व कपंनी परिसर मे रहने के कमरा मिलने से कर्मचारी खुश होकर काम करते थे।

पटाखे की अवैध फैक्टरी में हुए विस्फोट मामले में पुलिस ने फैक्टरी मालिक सहित 4 के खिलाफ की एफआईआर दर्ज की है।घटना की जांच के लिए मंगलवार को आईजी राघवेंद्र सुहासा फैक्टरी पहुंचे।

मृत श्रमिक मिंटू के छोटे भाई राजकिशोर ने बताया कि हमें काम की आवश्यकता थी। बिहार के मोतिहारी निवासी मैनेजर अभिनंदन ने कहा था कि भिवाड़ी में काम दिलवाऊंगा। 22 हजार सेलरी मिलेगी। ज्यादा पैसे मिल रहे थे, इसलिए काम के लिए हां कर दी।

बताया कि मैनेजर ने यह नहीं बताया कि क्या काम करना होगा। मैनेजर सभी को ज्यादा पैसों का लालच देकर गुमराह करता था। मिंटू और दूसरे साथियों को यहां आकर पता चला कि पटाखे की फैक्टरी में काम करना है। सेलरी अच्छी होने की वजह से सभी कार्य करते थे।

मालिक सहित छह मामला दर्ज: पटाखे की अवैध फैक्टरी में हुए विस्फोट मामले में पुलिस ने फैक्टरी मालिक सहित 4 के खिलाफ की एफआईआर दर्ज की है।हालाकि अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। हालांकि पुलिस को दावा है कपंनी में मैनेजर को हिरासत में लिया है। लेकिन पुलिस की ओर से अधिकारिक ऐसा कोई ब्यान नहीं आया है।

गेट बंद होने से नहीं भाग सके श्रमिक: आगजनी में घायल मोतिहारी जिले के रितेश कुमार ने बताया कि सभी श्रमिक 8 बजे सुबह फैक्टरी में कार्य करते थे। इसके बाद फैक्टरी गेट बंद कर दिया जाता था। अगर गेट बंद नहीं होता तो लोग बच सकते थे। घटना के समय भयावह मंजर था। झुलसे सभी श्रमिक छटपटा रहे थे। कई लोग शीशा फोड़कर भाग रहे थे। जिन 7 श्रमिकों की मौत हुई है, वे बारूद भरने का कार्य करते थे।

2 टेबल पर 5-5 किलो बारूद रखा था। श्रमिक बिना सुरक्षा उपकरण के सांचे में बारूद भरते थे। आग लगी तो कुछ पता ही नहीं चला। उन्होंने बताया कि अधिकतर श्रमिक फैक्टरी में ही रहते थे। वहीं पर खाना बनाते थे। पता नहीं चला कि फैक्टरी में आग कैसे लगी। फैक्टरी में फोन इस्तेमाल करने की इजाजत नहीं थी। फोन रखवा दिया जाता था।

राजकिशोर ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि फैक्ट्री मालिक राजेंद्र, हेमंत कुमार शर्मा, कंपनी मैनेजर अभिनंदन तिवारी, ठेकेदार अजीत की जानकारी में था कि मजदूरों से बिना किसी सेफ्टी उपकरण के काम कराया जा रहा है। ऐसे में कोई बड़ी दुर्घटना होने और मजदूरों की जान जाने की आशंका जताई जा रही थी। इसके बाद भी फैक्टरी मालिक, सुपरवाइजर, ठेकेदार ने मेरे भाई व अन्य मजदूरों से यह काम करवाया।

फैक्टरी मालिक राजेंद्र कुमार गाजियाबाद (उत्तर प्रदेश), हेमंत कुमार शर्मा शाहजहांपुर जिला कोटपूतली बहरोड़ (राजस्थान), मैनेजर अभिनंदन तिवारी निवासी मटियरिया, थाना हरसौली, मोतिहारी (बिहार), ठेकेदार अजीत निवासी खुशखेड़ा, जिला खैरथल-तिजारा (राजस्थान) के रहने वाले हैं। पुलिस ने फैक्टरी मालिक सहित 4 के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।

Harsh

मै पिछले पांच साल से पत्रकारिता में कार्यरत हूं। इस साइट के माध्यम से अपराध, मनोरंजन, राजनीति व देश विदेश की खबरे मेरे द्वारा प्रकाशित की जाती है।

Join WhatsApp

Join Now

google-newsGoogle News

Follow Now