Haryana News: ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों के लिए यह अच्छी खबर है। स्वास्थ्य विभाग जल्द ही सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर डिजिटल एक्स-रे की सुविधा शुरू करने जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने इस संबंध में योजना तैयार कर ली है। इस सुविधा के शुरू होने से ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को समय के साथ कई अन्य लाभ भी मिलेंगे।
फिलहाल जिले में नागरिक अस्पताल के अलावा छह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और 22 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर लोगों को उपचार की सुविधा मिल रही है। सभी जगहों पर रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति की गई है। स्वास्थ्य विभाग कौल और सीवन के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को छोड़कर सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (कलायत, पूंडरी, गुहला चीका, राजौंद) में एक्स-रे की सुविधा दे रहा है।
फिलहाल जिले में ग्रामीण क्षेत्रों से मरीजों को एक्स-रे करवाने के लिए जिला अस्पताल की दौड़ लगानी पड़ती है। निजी केंद्रों पर एक्स-रे करवाने के लिए कम से कम 300 रुपये खर्च करने पड़ते हैं। कई मामलों में 700-800 रुपये तक चुकाने पड़ते हैं। इससे हड्डी के रोगियों और सांस के रोगियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल एक्स-रे सुविधा शुरू होने से न केवल इसकी गुणवत्ता में सुधार आएगा बल्कि एक्स-रे प्रक्रिया में भी तेजी आएगी।
मरीज की चोट या बीमारी का सही पता लग सकेगा और उसका इलाज भी जल्दी संभव हो सकेगा। डिजिटल एक्स-रे मशीन से क्षेत्र के लोगों को सटीक और त्वरित जांच की सुविधा मिलेगी। ग्रामीण क्षेत्रों के मरीजों को अब दूसरे शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। सिविल सर्जन कैथल डॉ. रेणु चावला ने बताया कि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित स्वास्थ्य केंद्रों पर डिजिटल एक्स-रे मशीन लगाने की योजना बनाई गई है। हमारा प्रयास है कि गांवों में रहने वाले लोगों को उनके नजदीक ही जांच की सुविधा मिले और उन्हें जिला अस्पताल की दौड़ नहीं लगानी पड़े। इससे मरीजों और डॉक्टरों दोनों को फायदा होगा।

















