IGU Rewari: इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय मीरपुर में अर्थशास्त्र विभाग की तरफ से ‘समावेशी विकास और विकसित भारत’ विषय पर विस्तार व्याख्यान का आयोजन किया गया। व्याख्यान में मुख्य वक्ता प्रो. शक्ति कुमार, विभागाध्यक्ष, सेंटर फॉर इकोनॉमिक स्टडीज एंड प्लानिंग, जवाहर लाल विश्वविद्यालय, नई दिल्ली रहे।
विभाग के शैक्षिक समन्वयक डॉ. देविंदर सिंह ने कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए मुख्या वक्ता प्रो. शक्ति कुमार का परिचय दिया। विभागाध्यक्ष डॉ. विकास बत्रा ने प्रो. शक्ति कुमार का स्वागत किया। मुख्य वक्ता प्रो. शक्ति कुमार ने अपने विस्तार व्याख्यान में विकसित भारत के निर्माण के लिए समावेशी विकास के महत्व पर जोर दिया।
उन्होंने प्रति व्यक्ति आय, मानव विकास सूचकांक, आय की समानता आदि की भूमिका के बारे में विस्तार से बताया और विकसित भारत बनाने में इनकी भूमिका और महत्व पर चर्चा की। उन्होंने विकसित भारत बनाने में कौन-कौन से मापदंड की जरूरत है।
इस पर विस्तार से समझाया। समावेशी विकास और विकसित भारत 2047 में बॉटम अप और बॉटम डाउन नीति और भारत पर निजी केंद्रित योजना के प्रभाव तथा भारत के बारे में छात्रों को बताया।
उन्होंने अपने विस्तार व्याख्यान में विकसित भारत के निर्माण में भारत के नागरिकों द्वारा किये गए कार्यों की भूमिका और महत्व का उल्लेख किया। अर्थशास्त्र विभाग से डॉ. सतीश कुमार ने धन्यवाद् प्रस्ताव में डॉ. शक्ति कुमार का और वहां मौजूद सभी का आभार किया।
ये रहे मौजूद: इस अवसर पर राजनीति विज्ञान के विभागाध्यक्ष डॉ. मुकेश कुमार, डॉ. पवन कुमार अर्थशास्त्र विभाग, सामाजिक कार्य व राजनीति विज्ञान के छात्र तथा अर्थशास्त्र विभाग से शोधार्थी, मोना, चित्रा, अनु, अंजलि, ज्योति आदि शामिल रहे।

















